“कलेक्टर हटाने का साहस नहीं… सीनियर लीडर को रोकने का दुस्साहस!
गृहमंत्री शाह के दौरे पर पूर्व गृहमंत्री कंवर हाउस अरेस्ट

“कलेक्टर हटाने का साहस नहीं… सीनियर लीडर को रोकने का दुस्साहस!
गृहमंत्री शाह के दौरे पर पूर्व गृहमंत्री कंवर हाउस अरेस्ट”
रायपुर/कोरबा : – छत्तीसगढ़ की राजनीति आज एक अजीब मोड़ पर खड़ी है। एक ओर देश के गृहमंत्री अमित शाह प्रदेश में मौजूद हैं, तो दूसरी ओर उनकी ही पार्टी के सबसे वरिष्ठ और अनुभवी नेता, पूर्व गृहमंत्री ननकीराम कंवर को रायपुर में हाउस अरेस्ट कर दिया गया है।
विडंबना देखिए जो कभी राज्य के गृहमंत्री रह चुके हैं, आज उन्हीं को गृह विभाग की पुलिस ने अपने ही समर्थकों से घेर लिया।
कोरबा से रायपुर तक और धरने का ऐलान
3 अक्टूबर को कंवर कोरबा से रायपुर पहुँचे। टाटीबंध स्थित गहोई भवन में रात गुज़ारी। 4 अक्टूबर की सुबह वे समर्थकों के साथ मुख्यमंत्री निवास की ओर कूच करने वाले थे। उद्देश्य था कोरबा कलेक्टर के कारनामों की कथा जनता और सरकार के सामने रखना।
मगर सरकार को डर था कहीं कलेक्टर को बचाने की कीमत पूरी पार्टी को न चुकानी पड़ जाए। लिहाज़ा रायपुर पुलिस ने एडिशनल एसपी, एसडीएम और सीएसपी की अगुवाई में फोर्स तैनात कर दी और गहोई भवन को ही अस्थायी जेल बना दिया।
मुख्यमंत्री से संवाद लेकिन लिखित आदेश न मिला
कंवर जी के करीबी सूत्र बताते हैं कि बीती रात मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने मोबाइल पर उनसे निवेदन किया आप धरना पर मत बैठिए, मैं कार्यवाही कर रहा हूँ।
इस पर कंवर जी ने साफ़ कहा बहुत अच्छी बात है, आदेश की कॉपी भेज दीजिए, मैं वापस चला जाऊँगा। मौखिक पर भरोसा नहीं करूंगा। नहीं तो धरने पर बैठूँगा, आप चाहें तो फोर्स से रोक लीजिए, क्योंकि आप सरकार के मुखिया हैं।
लेकिन लिखित आदेश नहीं आया। और सुबह होते ही फोर्स ने कंवर जी को भवन से बाहर निकलने से रोक दिया।
अब बड़े सवाल
क्या भाजपा सरकार अपने ही सबसे सीनियर लीडर की आवाज़ दबाने पर उतर आई है? क्या एक कलेक्टर की रक्षा इतनी अहम हो गई है कि इसके लिए पूर्व गृहमंत्री को ही कैद करना पड़े? और क्या वाकई अब अमित शाह को खुद कंवर जी से मिलकर वस्तुस्थिति समझनी होगी?
यह पूरा घटनाक्रम बताता है कि सरकार कलेक्टर को हटाने का साहस नहीं दिखा पा रही, लेकिन सीनियर लीडर को रोकने का दुस्साहस ज़रूर कर रही है।
आज सवाल जनता का ही नहीं, पार्टी के भीतर का भी है आख़िर इस सरकार में निर्णय कौन ले रहा है?










